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उत्तर प्रदेश के 14 जिलों में खुलेंगे नए राजकीय नर्सिंग कॉलेज, बढ़ेंगी 840 सीटें

tv10 india news desk
By tv10 india news deskNewsroom18 September 2026

AI News Reader

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उत्तर प्रदेश के 14 जिलों में खुलेंगे नए राजकीय नर्सिंग कॉलेज, बढ़ेंगी 840 सीटें

लखनऊ। उत्तर प्रदेश में नर्सिंग शिक्षा का दायरा बढ़ाने की दिशा में बड़ा फैसला हुआ है। शासन ने 14 जिलों में नए राजकीय नर्सिंग कॉलेज खोलने की मंजूरी दे दी है। इनमें सुल्तानपुर और अमेठी भी शामिल हैं। ये कॉलेज स्वशासी राज्य चिकित्सा महाविद्यालयों के अधीन संचालित किए जाएंगे।

हर नए कॉलेज में बीएससी नर्सिंग की 60-60 सीटें प्रस्तावित हैं। इस तरह चौदह कॉलेज शुरू होने के बाद सरकारी क्षेत्र में करीब 840 नई सीटें जुड़ जाएंगी। इन संस्थानों में शैक्षिक सत्र 2027-28 से पढ़ाई शुरू करने की योजना है। सरकारी नर्सिंग कॉलेजों की संख्या बढ़ाने की रणनीति अगस्त में तैयार की गई थी, जिसे अब शासन की मंजूरी मिल गई है।

अभी 23 कॉलेजों में 1400 सीटें

प्रदेश में इस समय 23 राजकीय कॉलेजों में बीएससी नर्सिंग की पढ़ाई हो रही है, जहाँ करीब 1400 सीटें उपलब्ध हैं। इसके अलावा 235 निजी नर्सिंग कॉलेजों में लगभग ग्यारह हजार सीटें हैं। सरकारी सीटों की संख्या निजी संस्थानों के मुकाबले बहुत कम रही है, जिसका सीधा असर उन विद्यार्थियों पर पड़ता है जो कम शुल्क पर नर्सिंग की पढ़ाई करना चाहते हैं। नए कॉलेजों से यह अंतर कुछ हद तक कम होगा।

एक जिला एक मेडिकल कॉलेज की तर्ज पर योजना

यह रणनीति 'एक जिला, एक मेडिकल कॉलेज' की तर्ज पर तैयार की गई है। मकसद हर जिले में नर्सिंग शिक्षा की सरकारी सुविधा उपलब्ध कराना और जिलों में सरकारी संस्थानों का नेटवर्क मजबूत करना है। अभी तक कई जिलों के विद्यार्थियों को नर्सिंग की पढ़ाई के लिए दूसरे शहरों का रुख करना पड़ता था।

नए कॉलेज खुलने से संबंधित जिलों के विद्यार्थियों की दूसरे शहरों पर निर्भरता घटेगी। छात्राओं के लिए यह बदलाव खास तौर पर मायने रखता है, क्योंकि घर के नजदीक सरकारी संस्थान होने पर परिवार पढ़ाई जारी रखने में अधिक सहजता महसूस करते हैं।

प्रशिक्षित नर्सिंग स्टाफ की कमी जिला अस्पतालों और सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों की सबसे बड़ी चुनौतियों में रही है। हर साल 840 अतिरिक्त प्रशिक्षित युवाओं के तैयार होने से आने वाले वर्षों में इस कमी को पाटने में मदद मिलेगी।